देवर और ससुराल वालों ने विधवा महिला को घर में घुसने से रोका, पुलिस के सामने की गाली-गलौज
पीड़िता ने थाने में दी तहरीर, ससुराल पक्ष के लोग जबरन पति के मृत्यु के बाद से ही विधवा को करते आ रहे हैं तंग, CCTV जांच और कार्रवाई की मांग

श्रुति, खबर भारत
वाराणसी, 1 अगस्त 2025। कमिश्नरेट वाराणसी के लालपुर-पांडेयपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत दौलतपुर रोड, पहाड़िया निवासी सुनीता चौहान पत्नी स्व. अनिल चौहान नामक एक विधवा महिला ने अपने देवर और ससुराल पक्ष के अन्य लोगों पर घर में जबरन ताला लगाकर घुसने से रोकने, गाली-गलौज करने और पुलिस के सामने भी अभद्र व्यवहार करने का गंभीर आरोप लगाया है।
पीड़िता सुनीता ने थाना लालपुर पांडेयपुर को लिखित तहरीर में बताया कि वह एक विधवा महिला हैं और अपने बच्चों के इलाज के लिए 31 जुलाई को मायके गई थीं। लेकिन जब वह 1 अगस्त 2025 की सुबह घर लौटीं, तो देखा कि घर पर ताला बंद है।
जब उन्होंने इस बारे में अपने देवर और ससुराल के अन्य सदस्यों से जानकारी लेने का प्रयास किया, तो उन लोगों ने न सिर्फ बद्दी-बद्दी गालियां दीं, बल्कि साफ तौर पर कहा कि “अब ताला नहीं खुलेगा, जो करना हो कर लो।”
घबराई महिला ने तुरंत 112 डायल कर पुलिस को बुलाया। पुलिस मौके पर पहुंची और पीड़िता को थाने ले आई, लेकिन ससुराल पक्ष के लोग पुलिस के सामने ही गाली-गलौज और धमकी भरी भाषा का इस्तेमाल करते रहे।
सुनीता चौहान का कहना है कि उनके साथ ससुराल पक्ष का व्यवहार न सिर्फ अमानवीय है बल्कि उनके विधवा होने का लाभ उठाकर उन्हें मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है।
उन्होंने थाना प्रभारी से अपील की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कर CCTV फुटेज की सहायता से दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जाए, जिससे उन्हें और उनके बच्चों को सुरक्षा और न्याय मिल सके।
इस पूरे मामले से न केवल घरेलू हिंसा की एक गंभीर तस्वीर सामने आती है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि कैसे समाज में अकेली औरतों को अक्सर अपने ही घर में बेघर करने की कोशिश की जाती है।




