वाराणसी में दीपावली, भाई दूज, छठ और देव दीपावली की तैयारियां जोरों पर, स्वास्थ्य विभाग ने कसी कमर
आरिफ़ अंसारी, ख़बर भारत, वाराणसी

~ दीपावली, छठ पर्व, देव दीपावली समेत अन्य त्यौहारों को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट
~ सीएमओ ने समस्त सरकारी चिकित्सालयों के अधीक्षकों को दिये विभिन्न दिशा-निर्देश
~ आकस्मिक स्थिति में आपातकालीन चिकित्सा स्वास्थ्य व एंबुलेंस सेवा को रखें दुरुस्त – सीएमओ
~ संचारी व संक्रामक रोगों से बचाव के उपायों को लेकर समुदाय को किया जाए जागरूक
वाराणसी, 16 अक्टूबर 2023: पवित्र नगरी वाराणसी में दीपावली, भाई दूज, छठ पर्व और देव दीपावली के भव्य आयोजन की तैयारियां जोर-शोर से शुरू हो चुकी हैं। जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने इन त्योहारों को सुरक्षित और सफल बनाने के लिए कमर कस ली है। स्वास्थ्य विभाग ने सभी चिकित्सालयों को आकस्मिक चिकित्सा व्यवस्था सुनिश्चित करने के कड़े निर्देश दिए हैं, ताकि त्योहारी सीजन में किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके। मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. संदीप चौधरी ने बढ़ते वायु प्रदूषण और संचारी रोगों के खतरे को देखते हुए विशेष सतर्कता बरतने के आदेश दिए हैं।
त्योहारी सीजन में स्वास्थ्य सुरक्षा: वायु प्रदूषण और संचारी रोगों पर नजर
सीएमओ डॉ. संदीप चौधरी ने बताया कि दीपावली और अन्य त्योहारों के दौरान वायु प्रदूषण का स्तर बढ़ने की आशंका रहती है, जिससे श्वास संबंधी रोगियों की संख्या में इजाफा हो सकता है। इसके लिए सभी चिकित्सालयों में श्वास रोगियों के उपचार की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। साथ ही, संचारी और संक्रामक रोगों के नियंत्रण के लिए पहले से जारी दिशा-निर्देशों के तहत अन्तर्विभागीय समन्वय, जन सहभागिता, प्रतिरक्षण, सर्विलांस और केस-बेस्ड गतिविधियों पर जोर दिया गया है। डॉ. चौधरी ने सभी स्वास्थ्य इकाइयों को निर्देश दिया कि वे रोगों से बचाव और सुरक्षित त्योहार मनाने के लिए सोशल मीडिया, प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के जरिए व्यापक जागरूकता अभियान चलाएं।
आपात स्थिति के लिए चिकित्सा व्यवस्था: बर्न, सड़क दुर्घटना और फूड पॉइजनिंग पर विशेष फोकस
त्योहारों के दौरान पटाखों से झुलसने, शराब के सेवन से सड़क दुर्घटनाओं, फूड पॉइजनिंग और आंखों की चोट जैसे मामलों की आशंका को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने विशेष इंतजाम किए हैं। सीएमओ ने सभी चिकित्सालयों को 24 घंटे आपातकालीन सेवाएं सुचारू रखने, पर्याप्त चिकित्सक और स्टाफ की ड्यूटी लगाने, श्वास और बर्न रोगियों के लिए बेड आरक्षित करने और सभी जांच उपकरणों को क्रियाशील रखने के निर्देश दिए हैं। इसके अलावा, 108, 102 और एडवांस लाइफ सपोर्ट (एएलएस) एंबुलेंस सेवाओं को किसी भी आकस्मिक स्थिति में तुरंत उपलब्ध रहने का आदेश दिया गया है।
चिकित्सकों और स्टाफ के लिए सख्ती: अवकाश पर रोक, ड्रेस कोड अनिवार्य
सीएमओ ने स्पष्ट किया कि त्योहारी सीजन में अपरिहार्य कारणों को छोड़कर किसी भी चिकित्सक या पैरामेडिकल स्टाफ को अवकाश स्वीकृत नहीं होगा। सभी चिकित्सकों को निर्धारित ड्रेस कोड में समय पर अस्पताल में उपस्थित रहकर मरीजों का इलाज सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। जिला प्रशासन के साथ पूर्ण समन्वय बनाए रखने और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (सीएचसी) पर चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया है। रेफरल सिस्टम को सुचारू रखने के लिए सभी चिकित्सा इकाइयों को आपसी समन्वय बनाए रखने के लिए कहा गया है।
औषधियों और उपकरणों की तैयारी: कोई कमी नहीं, कोई कोताही नहीं
स्वास्थ्य विभाग ने सभी सरकारी चिकित्सालयों को पर्याप्त मात्रा में दवाइयों और आवश्यक उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का आदेश दिया है। सीएमओ ने इमरजेंसी ड्यूटी में तैनात स्टाफ को सतर्क रहने और किसी भी विपरीत स्थिति से बचने के लिए पूरी तत्परता से काम करने की हिदायत दी है। यह कदम सुनिश्चित करेगा कि वाराणसी के लोग न केवल त्योहारों का आनंद उठाएं, बल्कि किसी भी स्वास्थ्य आपातकाल में त्वरित और प्रभावी उपचार भी प्राप्त करें।
जनता से अपील: सुरक्षित और जिम्मेदार त्योहार मनाएं
जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने वाराणसीवासियों से अपील की है कि वे पटाखों का उपयोग सावधानी से करें, शराब पीकर वाहन न चलाएं और खानपान में स्वच्छता बरतें। साथ ही, किसी भी स्वास्थ्य समस्या के लिए तुरंत नजदीकी चिकित्सालय या 108/102 एंबुलेंस सेवा से संपर्क करें। यह सुनियोजित तैयारी वाराणसी को एक सुरक्षित और आनंदमय त्योहारी सीजन की गारंटी दे रही है। अधिक अपडेट्स के लिए बने रहें!




