वाराणसी के ऐढे गांव में शव दफनाने की अफवाह से हंगामा, खुदाई के बाद जो निकला उसे देख दंग रह गए ग्रामीण
ग्रामीणों ने मानव शव दफनाने का लगाया आरोप, पुलिस की दोबारा खुदाई के बाद मामला हुआ शांत

ख़बर भारत डेस्क
वाराणसी के लालपुर-पांडेयपुर थाना क्षेत्र स्थित ऐढे गांव में सोमवार को शव दफनाने की अफवाह फैलने से भारी हंगामा खड़ा हो गया। ग्रामीणों को आशंका थी कि गांव में किसी व्यक्ति का शव गुप्त रूप से दफनाया गया है। सूचना फैलते ही बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए और सड़क जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से तत्काल खुदाई कराने की मांग की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए लालपुर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए दोबारा जेसीबी बुलाकर खुदाई कराई। खुदाई के दौरान वहां से मृत पशु का अवशेष और भैंस का मांस बरामद हुआ। इसके बाद ग्रामीणों का गुस्सा शांत हुआ और हंगामा समाप्त हो गया। लालपुर इंस्पेक्टर राजीव कुमार सिंह ने बताया कि ग्रामीणों में मानव शव दफनाने की गलतफहमी फैल गई थी, जबकि जांच में पशु का मांस मिलने की पुष्टि हुई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बीती रात करीब 4 बजे चंद्रा रेजिडेंसी हुकुलगंज के सामने डिवाइडर पर एक ऑटो अनियंत्रित होकर पलट गई थी। हादसे में ऑटो चालक शाहील पुत्र दयाशंकर और उसकी पत्नी घायल हो गए। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब ऑटो को सीधा कराया तो उसमें रखे बोरों में भैंस का मांस मिला।
पूछताछ में चालक शाहील ने बताया कि वह शादी समारोह के लिए मांस लेकर जा रहा था। दुर्घटना के बाद डर के कारण उसने मांस को ऐढे गांव स्थित कूड़ा घर के पास जमीन में गाड़ दिया था। घायल दंपति को इलाज के लिए दीनदयाल उपाध्याय चिकित्सालय भेजा गया।
घटना के बाद गांव में काफी देर तक तनाव और भय का माहौल बना रहा। ग्रामीणों ने कहा कि ऐसी अफवाहें सामाजिक अशांति का कारण बन सकती हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी सूचना की पुष्टि किए बिना अफवाहों पर ध्यान न दें।




