वाराणसी के नमो घाट पर गार्डों की गुंडई: मामूली विवाद पर बर्बरता से सोनभद्र के एक किशोर पर्यटक की पीट-पीटकर हत्या, चार अन्य घायल
प्रवेश द्वार पर रोकने को लेकर हुई थी बहस, हमेशा की तरह गार्डों ने लाठी-डंडों से किया हमला, घाट परिसर में मची अफरा-तफरी

नीरज सिंह, वाराणसी
~ उत्तर प्रदेश में नहीं थम रहा गुंडाराज
~ वाराणसी के नमो घाट पर गार्डों की गुंडई
~ मामूली विवाद बना हत्या का कारण
~ गार्डों ने बर्बरता से सोनभद्र के एक किशोर पर्यटक की पीट-पीटकर हत्या
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के वाराणसी में आदमपुर थाना क्षेत्र के प्रसिद्ध नमो घाट पर शनिवार देर रात एक बेहद दर्दनाक और सनसनीखेज हादसा सामने आया है। सोनभद्र जनपद से वाराणसी घूमने आए पर्यटकों के साथ घाट पर तैनात सुरक्षा गार्डों द्वारा कथित तौर पर बेहद बेरहमी से मारपीट की गई। सुरक्षाकर्मियों की इस बर्बर पिटाई के कारण 17 वर्षीय एक किशोर राजेश जायसवाल उर्फ चिंटू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसके साथ आए चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस अचानक हुई हिंसक घटना के बाद नमो घाट परिसर में काफी देर तक अफरा-तफरी और दहशत का माहौल बना रहा।
मूल रूप से सोनभद्र का रहने वाला मृतक राजेश जायसवाल अपने पिता बद्रीनारायण जायसवाल के साथ वहीं स्थानीय स्तर पर सब्जी बेचने का काम करता था। मिली जानकारी के अनुसार, रविवार भोर में करीब तीन बजे यह परिवार और अन्य लोग नमो घाट की खूबसूरती देखने और घूमने पहुंचे थे। जैसे ही सभी लोग घाट के मुख्य प्रवेश द्वार पर पहुंचे, वहां मुस्तैद सुरक्षा गार्डों ने उन्हें अंदर जाने से रोक दिया। इसके बाद प्रवेश को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई, जो देखते ही देखते एक बड़े विवाद में तब्दील हो गई।
आरोप है कि दोनों पक्षों के बीच विवाद गहराने के बाद वहां मौजूद सुरक्षा गार्डों ने अपना आपा खो दिया और पर्यटकों पर लाठियों से ताबड़तोड़ हमला बोल दिया। इस हिंसक लाठीचार्ज की चपेट में आने से किशोर राजेश उर्फ चिंटू गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। आनन-फानन में उसे तत्काल इलाज के लिए मंडलीय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने स्वास्थ्य परीक्षण के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। वहीं, इस घटना में घायल हुए अन्य चार पर्यटकों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। पुलिस प्रशासन इस मामले की गहनता से जांच कर दोषियों के खिलाफ विधिक कार्रवाई में जुट गया है।




