काशी विश्वनाथ धाम में ‘सुगम दर्शन’ के नाम पर वसूली का प्रयास नाकाम, महिला श्रद्धालु के ₹4 हजार तुरंत लौटवाए गए
मैसूर से आई श्रद्धालु ने पुलिस से लगाई गुहार, आरोपी को हिरासत में लेकर चौक पुलिस को सौंपा गया

ख़बर भारत, डेस्क
वाराणसी। सावन के पहले सोमवार पर श्री काशी विश्वनाथ धाम में लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ के बीच सुगम दर्शन का लालच देकर पैसे ऐंठने का मामला सामने आया। दक्षिण भारत के मैसूर से दर्शन करने पहुंची एक महिला श्रद्धालु से कथित रूप से 4 हजार रुपये लेने वाले आरोपी को पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए पकड़ लिया और महिला की पूरी रकम वापस करा दी।
दर्शन की सुविधा का झांसा देकर मांगे पैसे
जानकारी के अनुसार, महिला श्रद्धालु बाबा विश्वनाथ के दर्शन के लिए धाम पहुंची थी। इसी दौरान एक व्यक्ति ने स्वयं को दर्शन कराने में मददगार बताते हुए जल्दी और सुगम दर्शन कराने का भरोसा दिया। आरोप है कि उसने इस बहाने महिला से 4 हजार रुपये ले लिए। कुछ देर बाद महिला को एहसास हुआ कि उसके साथ धोखाधड़ी हुई है, जिसके बाद उसने मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों से मदद मांगी।
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सिगरा थाना प्रभारी शिवकांत मिश्रा ने तुरंत संभाला मोर्चा
ड्यूटी पर तैनात सिगरा थाना प्रभारी निरीक्षक शिवाकांत मिश्रा ने शिकायत मिलते ही आसपास मौजूद लोगों और दुकानदारों से जानकारी जुटाई। जांच के दौरान पता चला कि बसंत पाण्डेय नाम का व्यक्ति सुगम दर्शन कराने के नाम पर महिला सहित चार श्रद्धालुओं से बातचीत कर रहा था।
पुलिस देखते ही मौके से फरार हुआ आरोपी
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पुलिस की गतिविधि देखते ही आरोपी गेट नंबर-4 के पास से भाग निकला। हालांकि पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए महिला के 4 हजार रुपये वापस दिला दिए। बाद में आरोपी, जो चेतगंज क्षेत्र का निवासी बताया जा रहा है, को पकड़कर चौक थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।
श्रद्धालुओं से सतर्क रहने की अपील
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं अधिकारियों ने सावन मेले में आने वाले श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे दर्शन कराने के नाम पर किसी भी अनधिकृत व्यक्ति को पैसे न दें। यदि कोई संदिग्ध व्यक्ति इस तरह का प्रस्ताव देता है तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस या ड्यूटी पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों को दें।




