
विशाल कुमार, वाराणसी
Varanasi जनपद के चिरईगांव विकास खंड अंतर्गत ग्राम सभा चुकहां की दलित बस्ती में पेयजल संकट गहराता जा रहा है। बस्ती का एकमात्र हैंडपंप पिछले कई महीनों से खराब पड़ा है, जिससे ग्रामीणों को भीषण गर्मी में पानी के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, कई बार ग्राम प्रधान और संबंधित अधिकारियों से शिकायत की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
बस्ती की महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों को दूर-दराज के क्षेत्रों से पानी लाने को मजबूर होना पड़ रहा है, जिससे उनकी दैनिक दिनचर्या बुरी तरह प्रभावित हो रही है। वहीं खराब हैंडपंप के आसपास गंदगी और जर्जर स्थिति स्वास्थ्य के लिए भी खतरा बनती जा रही है।
ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की उदासीनता के कारण उनकी समस्याएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। सवाल उठता है कि जब एक हैंडपंप की मरम्मत तक नहीं हो पा रही, तो विकास के दावे कितने जमीनी हैं। अब देखना होगा कि इस खबर के सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आता है या फिर यह समस्या भी अन्य मामलों की तरह अनदेखी कर दी जाएगी।




