जिस सड़क से गुजरते हैं हजारों लोग, वही सड़क सालभर से बदहाल; सर्विस रोड पर निर्माण से भड़का आक्रोश
गायत्री नगर में डूडा के सड़क निर्माण कार्य पर उठे सवाल, स्कूली बच्चों और राहगीरों की परेशानी का हवाला; स्थानीय लोगों ने नगर निगम से तत्काल मुख्य मार्ग दुरुस्त कराने की मांग की

धनेश्वर साहनी, संवाददाता
वाराणसी। लंका थाना क्षेत्र के वार्ड नंबर 23 स्थित गायत्री नगर में सड़क निर्माण को लेकर स्थानीय लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। क्षेत्र में डूडा की ओर से सड़क निर्माण का कार्य कराया जा रहा है, लेकिन स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि जिस मुख्य मार्ग की हालत लंबे समय से खराब है और जिस पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आवागमन करते हैं, उसकी अनदेखी कर बगल की सर्विस रोड पर निर्माण कराया जा रहा है। इसे लेकर क्षेत्रीय लोगों में आक्रोश है और वे निर्माण कार्य की प्राथमिकता पर सवाल उठा रहे हैं।
मुख्य मार्ग से रोजाना गुजरते हैं स्कूली बच्चे और हजारों राहगीर
क्षेत्रीय निवासी एवं बूथ अध्यक्ष छोटू पटेल के मुताबिक, गायत्री नगर का यह मुख्य मार्ग इलाके के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इसी रास्ते से प्रतिदिन बड़ी संख्या में स्कूली बच्चे आवागमन करते हैं। इसके अलावा यह मार्ग संत रविदास मंदिर, गढ़वाघाट होते हुए आगे नेशनल हाईवे से जुड़ता है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क की बदहाल स्थिति के कारण पैदल चलने वालों से लेकर दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों तक को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के दौरान समस्या और बढ़ जाती है और सड़क पर आवागमन करना जोखिम भरा हो जाता है।
सर्विस रोड पर काम, मुख्य सड़क अब भी उपेक्षित
स्थानीय नागरिकों के मुताबिक, मुख्य मार्ग की खराब स्थिति को लेकर क्षेत्रीय पार्षद और नागरिकों की ओर से नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल को व्हाट्सऐप के माध्यम से वीडियो और समस्या की जानकारी भी भेजी गई थी। इसके बावजूद मुख्य मार्ग पर निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ, जबकि उसके बगल में स्थित सर्विस रोड पर निर्माण कराया जा रहा है।
इसको लेकर लोगों का सवाल है कि जब मुख्य मार्ग पर रोजाना अधिक संख्या में लोगों का आवागमन होता है और उसकी हालत भी खराब है, तो निर्माण कार्य में प्राथमिकता सर्विस रोड को क्यों दी जा रही है?
लोगों का कहना है कि निर्माण कार्य का विरोध नहीं है, बल्कि उनकी मांग है कि जरूरत और यातायात के दबाव को देखते हुए पहले मुख्य मार्ग को दुरुस्त किया जाए।
रोजाना हादसों का दावा, टोटो पलटने से यात्रियों को चोट
छोटू पटेल ने आरोप लगाया कि सड़क की खराब स्थिति के कारण आए दिन छोटे-बड़े हादसे होते रहते हैं। उनका दावा है कि लगभग रोजाना दो से तीन टोटो सड़क की खराब स्थिति के कारण पलट जाते हैं, जिससे उनमें सवार यात्रियों को चोटें आती हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस मार्ग पर स्कूली बच्चों और बुजुर्गों की आवाजाही भी रहती है। ऐसे में सड़क की बदहाल स्थिति किसी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। लोगों ने मांग की है कि समस्या को केवल सड़क निर्माण के नजरिए से नहीं, बल्कि यातायात और जनसुरक्षा के लिहाज से भी देखा जाए।
जूनियर इंजीनियर को भी दी गई जानकारी, फिर भी नहीं हुआ समाधान
क्षेत्रीय लोगों के अनुसार, सड़क की समस्या से संबंधित जानकारी विभाग के जूनियर इंजीनियर को भी दी गई थी। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि शिकायत और समस्या से अवगत कराने के बावजूद अपेक्षित गंभीरता से कार्रवाई नहीं हुई।
लोगों का कहना है कि जब संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को सड़क की स्थिति के बारे में जानकारी दी जा चुकी है, तो अब तक मुख्य मार्ग पर काम शुरू नहीं होना समझ से परे है।
स्थानीय लोगों की मांग- पहले मुख्य मार्ग को बनाया जाए दुरुस्त
क्षेत्रीय नागरिकों का कहना है कि यह मार्ग कई महत्वपूर्ण स्थानों को जोड़ता है और प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग इसका इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में सड़क निर्माण की प्राथमिकता तय करते समय यातायात का दबाव, आम लोगों की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखा जाना चाहिए।
स्थानीय लोगों ने नगर निगम और संबंधित विभाग से मांग की है कि मामले का तत्काल संज्ञान लेकर मुख्य मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कराया जाए और उसकी बदहाल स्थिति को जल्द से जल्द दुरुस्त कराया जाए। लोगों का कहना है कि यदि मुख्य मार्ग की मरम्मत नहीं हुई तो आने वाले दिनों में किसी बड़े हादसे की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
अब देखना होगा कि स्थानीय लोगों की शिकायत और लगातार उठ रहे सवालों के बाद संबंधित विभाग मुख्य मार्ग पर निर्माण को लेकर क्या कदम उठाता है।




