रोहनिया व्यापारी हत्याकांड का खुलासा करने वाली SOG टीम व रोहनिया पुलिस सम्मानित, पुलिस आयुक्त ने ₹1 लाख का नकद पुरस्कार देकर बढ़ाया हौसला
एसओजी प्रभारी गौरव सिंह और टीम की सटीक रणनीति, तकनीकी जांच और रोहनिया पुलिस से बेहतर तालमेल से बेनकाब हुआ सनसनीखेज हत्याकांड, मुठभेड़ में दबोचे गए दोनों शूटर

आरिफ़ अंसारी, वाराणसी
वाराणसी, 30 जून 2026। वाराणसी पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने एक बार फिर अपनी उत्कृष्ट कार्यशैली, तकनीकी दक्षता और त्वरित कार्रवाई का परिचय देते हुए रोहनिया क्षेत्र में हुए चर्चित व्यापारी जितेंद्र पटेल हत्याकांड का सफल अनावरण किया। एसओजी और थाना रोहनिया की संयुक्त टीम ने न केवल इस ब्लाइंड मर्डर केस का पर्दाफाश किया, बल्कि घटना में शामिल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त अवैध शस्त्र एवं कारतूस भी बरामद किए।
टीम की इस उल्लेखनीय सफलता और सराहनीय कार्य के लिए पुलिस आयुक्त वाराणसी मोहित अग्रवाल ने एसओजी, थाना रोहनिया एवं वरुणा जोन की संयुक्त टीम को सम्मानित करते हुए ₹1 लाख का नकद पुरस्कार प्रदान किया। पुलिस आयुक्त ने टीम के अधिकारियों और जवानों की मेहनत, सूझबूझ तथा पेशेवर कार्यशैली की प्रशंसा करते हुए उनका उत्साहवर्धन किया।

8 जून को हुई थी व्यापारी जितेंद्र पटेल की हत्या
गौरतलब है कि 8 जून 2026 को थाना रोहनिया क्षेत्र के अवलेशपुर में व्यापारी जितेंद्र पटेल की हत्या कर दी गई थी। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से इलाके में सनसनी फैल गई थी। घटना के बाद पुलिस आयुक्त के निर्देश पर एसओजी और थाना रोहनिया की संयुक्त टीम गठित की गई, जिसने तकनीकी साक्ष्यों, सीसीटीवी फुटेज, सर्विलांस और मुखबिर तंत्र के माध्यम से लगातार कार्रवाई करते हुए पूरे मामले का सफल खुलासा किया।

तीन आरोपी गिरफ्तार, दोनों शूटर पुलिस मुठभेड़ में दबोचे गए
जांच के दौरान पुलिस ने 28 जून 2026 को थाना रोहनिया क्षेत्र के आर्यन स्कूल, अखरी के पास से तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार अभियुक्तों में आयुष पटेल उर्फ भोला निवासी बरबकपुर, थाना अहरौरा, मिर्जापुर, मनीष सिंह निवासी देवरिया नीबी, थाना अदलहाट, मिर्जापुर, अमन सेठ निवासी अदलहाट बाजार, थाना अदलहाट, मिर्जापुर शामिल थे।
इसके बाद घटना के मुख्य शूटरों सुशील पटेल उर्फ गोलू तथा गियांशू पटेल उर्फ बाबू को थाना रोहनिया क्षेत्र स्थित एम.पी. मेमोरियल स्कूल, करसड़ा के पास पुलिस मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार किया गया। मुठभेड़ में दोनों बदमाश घायल हुए, जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त अवैध हथियार एवं कारतूस भी बरामद किए।

एसओजी की लगातार सफल कार्रवाई बनी चर्चा का विषय
वाराणसी एसओजी पिछले कुछ समय से लगातार बड़े और चर्चित मामलों के सफल खुलासे कर रही है। अपराधियों तक तेजी से पहुंचने, तकनीकी साक्ष्यों के प्रभावी उपयोग और सटीक रणनीति के चलते एसओजी ने कई जटिल मामलों को सुलझाकर अपनी कार्यक्षमता का परिचय दिया है। रोहनिया व्यापारी हत्याकांड का सफल अनावरण भी इसी कड़ी का एक महत्वपूर्ण उदाहरण माना जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, एसओजी और थाना पुलिस के बेहतर समन्वय, सतत निगरानी और वैज्ञानिक विवेचना के कारण कम समय में पूरे गिरोह को गिरफ्तार करने में सफलता मिली।

इन अधिकारियों और जवानों को किया गया सम्मानित
एसओजी वाराणसी
* उपनिरीक्षक गौरव कुमार सिंह – प्रभारी एसओजी
* उपनिरीक्षक आयुष पाण्डेय
* कांस्टेबल मनीष बघेल
* कांस्टेबल अंकित मिश्रा

थाना रोहनिया
* निरीक्षक राजू सिंह – प्रभारी निरीक्षक
* उपनिरीक्षक भरत चौधरी
पुलिस आयुक्त ने बढ़ाया टीम का मनोबल
पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने टीम के उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा कि अपराधियों के खिलाफ इसी तरह की प्रभावी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि बेहतर पुलिसिंग, तकनीकी जांच और टीम वर्क के माध्यम से अपराध पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया जा सकता है। उत्कृष्ट कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों का सम्मान अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत है।

व्यापारी जितेंद्र पटेल हत्याकांड के सफल खुलासे के बाद वाराणसी पुलिस, विशेष रूप से एसओजी की भूमिका, एक बार फिर चर्चा का विषय बनी हुई है। अपराधियों की त्वरित गिरफ्तारी और पूरे षड्यंत्र का पर्दाफाश कर टीम ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का प्रभावी परिचय दिया है।




